अगर आप भी उत्तर प्रदेश के बरेली जिले में आशियाना बनाने या जमीन खरीदने का मन बना रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। बरेली प्रशासन ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए सर्किल रेट में संशोधन का प्रस्ताव जारी कर दिया है। इसके साथ ही शहर के सबसे महंगे और पॉश इलाकों की तस्वीर भी साफ हो गई है। ताजा प्रस्ताव के मुताबिक, शहर का डोहरा रोड इस बार जमीन के मामले में सबसे महंगा इलाका साबित हुआ है, जहां सर्किल रेट में सीधे 20 फीसदी तक की बढ़ोतरी देखने को मिली है।
डोहरा रोड बना शहर का सबसे महंगा ठिकाना
मंगलवार को जिले की सभी छह तहसीलों में उप निबंधक कार्यालयों ने अपने-अपने क्षेत्रों की नई दरें प्रस्तावित कर दीं। आंकड़ों के अनुसार, सदर तहसील के पीलीभीत बाइपास और डोहरा रोड पर जमीन के दाम सबसे ज्यादा चढ़े हैं। यहां अकृषक और व्यावसायिक भूमि की दरों में 20 प्रतिशत तक की वृद्धि का प्रस्ताव है। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य मूल्यांकन दरों को मौजूदा बाजार मूल्य (Market Value) के बिल्कुल करीब लाना है, ताकि पारदर्शिता बनी रहे और सरकारी राजस्व में भी इजाफा हो सके।
प्रमुख इलाकों के प्रस्तावित सर्किल रेट (रुपये प्रति वर्ग मीटर में)
- सिविल लाइंस: वर्तमान दर 66,000 से बढ़कर 72,600 - 79,200 रुपये
- रहीम पैलेस: वर्तमान दर 27,000 से बढ़कर 29,700 - 32,400 रुपये
- ईसाइयों की पुलिया: वर्तमान दर 25,500 से बढ़कर 28,050 - 30,600 रुपये
- आनंद लोक: वर्तमान दर 25,000 से बढ़कर 27,500 - 30,000 रुपये
- मेगा मेंशन के पास: वर्तमान दर 23,000 से बढ़कर 25,300 - 27,600 रुपये
तहसीलवार क्या हैं बदलाव?
सदर तहसील के प्रथम और द्वितीय रजिस्ट्री कार्यालय क्षेत्रों में अकृषक और कृषि भूमि की दरों में 0 से 20 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी का प्रस्ताव है। वहीं, वाणिज्यिक भवनों के कॉम्प्लेक्स दरों में भी 5 से 16 फीसदी तक का उछाल देखने को मिल सकता है।
इसके अलावा, अन्य तहसीलों का हाल भी कुछ ऐसा ही है:
- आंवला: यहां अकृषक और वाणिज्यिक भूमि में औसतन 10% की वृद्धि प्रस्तावित है। औद्योगिक कॉरिडोर से जुड़े भमोरा में 5% और नौ अन्य चयनित गांवों में करीब 25% तक की बढ़ोतरी की गई है, जो जिले में सबसे ज्यादा है।
- मीरगंज व नवाबगंज: मीरगंज में 10 से 20% और नवाबगंज में 5 से 20% तक की वृद्धि का प्रस्ताव है। नवाबगंज में बथुआ व ज्योरा मकरंदपुर को अर्धनगरीय क्षेत्र में शामिल करने की तैयारी है।
- बहेड़ी: यहां चार नए रोड सेगमेंट चिह्नित किए गए हैं, जहां कृषि और गैर-कृषि भूमि की दरों में 5 से 15% तक की वृद्धि प्रस्तावित है।
पुराने पॉश इलाकों में भी है भारी तेजी
अगर बात करें शहर के पुराने और स्थापित इलाकों जैसे डीडीपुरम और रामपुर बाग की, तो यहां पहले से ही जमीन आसमान छू रही थी। रामपुर बाग चौराहा से बरेली कॉलेज, चौकी चौराहे से संजय कम्युनिटी हॉल, और कुतुबखाना के आसपास के इलाकों में पहले ही भाव 80,000 से 94,000 रुपये प्रति वर्ग मीटर तक दर्ज किए गए थे। अब इन नई दरों के लागू होने से इन प्रीमियम इलाकों में निवेश करना आम आदमी की पहुंच से और दूर हो सकता है।
कब से लागू होंगी नई दरें? जानिए पूरी समय सारिणी
प्रशासन ने आम जनता से आपत्तियां और सुझाव मांगने के लिए प्रक्रिया शुरू कर दी है:
- प्रस्ताव प्रकाशन: 11 अगस्त को सर्किल रेट की संशोधित दरों की सूची जारी कर दी गई है।
- आपत्ति दर्ज कराने की अंतिम तिथि: 17 अगस्त तक लोग अपने सुझाव या आपत्तियां दर्ज करा सकते हैं।
- बैठक और निस्तारण: 17 अगस्त को ही जिलाधिकारी की अध्यक्षता में जनप्रतिनिधियों, बार एसोसिएशन, दस्तावेज लेखकों और आम नागरिकों के साथ अहम बैठक होगी।
- अंतिम मुहर: आपत्तियों के निस्तारण के बाद 20 अगस्त को फाइनल सूची हस्ताक्षर के लिए प्रस्तुत की जाएगी।
- लागू होने की तिथि: सब कुछ तय योजना के अनुसार चला, तो 24 अगस्त से बरेली में नए सर्किल रेट प्रभावी हो जाएंगे।
एडीएम वित्त एवं राजस्व ने स्पष्ट किया है कि सड़कों और स्थानों की महत्ता को ध्यान में रखते हुए ही ये दरें तय की गई हैं। यदि इस दौरान कोई जायज आपत्ति आती है, तो उस पर विचार करने के बाद ही 24 अगस्त को अंतिम सूची सार्वजनिक की जाएगी। ऐसे में यदि आप भी जमीन खरीदने का प्लान बना रहे हैं, तो 17 अगस्त से पहले अपनी प्रक्रिया पूरी कर लें या प्रस्तावित दरों का आकलन जरूर कर लें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
Q1. बरेली में सबसे महंगा इलाका कौन सा घोषित किया गया है?
Ans: नए सर्किल रेट प्रस्ताव के अनुसार, सदर तहसील के अंतर्गत आने वाला डोहरा रोड और पीलीभीत बाइपास का इलाका सबसे महंगा क्षेत्र बना है, जहां 20% तक की बढ़ोतरी प्रस्तावित है।
Q2. नए सर्किल रेट बरेली में कब से लागू होंगे?
Ans: आपत्तियों के निस्तारण के बाद 24 अगस्त से बरेली जिले में नए सर्किल रेट लागू होने की पूरी तैयारी है।
Q3. क्या आम नागरिक सर्किल रेट के खिलाफ आपत्ति दर्ज करा सकते हैं?
Ans: हां, प्रशासन ने 17 अगस्त तक आपत्तियां और सुझाव मांगे हैं। इस दौरान आम लोग, बार एसोसिएशन और अन्य संगठन अपनी बात रख सकते हैं, जिस पर डीएम की अध्यक्षता में विचार किया जाएगा।